ज्योतिष विद्या कैसे सीखें

important yoga of vedic astrology

वैदिक ज्योतिष के महत्वपूर्ण योग – वैदिक ज्योतिष शास्त्र | Important Yoga of Vedic Astrology – vaidik jyotish Shastra

  वैदिक ज्योतिष में प्रचलित परिभाषा के अनुसार किसी कुंडली के किसी घर में जब सूर्य तथा बुध संयुक्त रूप से स्थित हो जाते हैं तो ऐसी कुंडली में बुध आदित्य योग का निर्माण हो जाता है तथा इस योग का शुभ प्रभाव जातक को बुद्धि, विशलेषणात्मक क्षमता, वाक कुशलता, संचार कुशलता, नेतृत्व करने की […]

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nakshatra in vedic period

वैदिक काल में नक्षत्र – वैदिक ज्योतिष शास्त्र | Nakshatra in Vedic period – vaidik jyotish Shastra

  वैदिक काल में नक्षत्र केवल चमकीले तारे या सुगमता से पहचाने जाने वाले छोटे तारे के पुंज थे,परन्तु आकाश में इनकी बराबर दूरी न होना एवं तारों का पुंज न रहने से बडी असुविधा रही होगी। इसके अतिरिक्त चन्द्रमा की जटिल गति भी कठिनाई से ज्ञात हुयी होगी। पूर्णिमा के के होने की सही

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