पितृदोष पूजा

pitra tarpan is done on the same date

पितृ तर्पण उसी तिथि को किया जाता है – पितृदोष | Pitra tarpan is done on the same date – pitrdosh

  पितृ तर्पण उसी तिथि को किया जाता है जिस तिथि को पूर्वजों का देहान्त हुआ हो जिन्हें पूर्वजों की मृत्यु की तिथि याद ना हो वह अश्विन कृष्ण अमावस्या यानि सर्वपितृमोक्ष अमावस्या को यह कार्य करते है ताकि पित्तरों को मोक्ष मार्ग दिखाया जा सके। पितृ पक्ष की नौवी तिथि जिसे मातृ नवमी भी […]

पितृ तर्पण उसी तिथि को किया जाता है – पितृदोष | Pitra tarpan is done on the same date – pitrdosh Read More »

fathers farewell at the end of the paternal side

पितृ पक्ष की समाप्ति पर पितरों की विदाई – पितृदोष | Fathers farewell at the end of the paternal side – pitrdosh

  पितृ पक्ष में श्राद्ध करके पितृ अमावस्या के बाद सूर्यास्त के समय पितरों की पूर्ण आदर और श्रद्धा से विदाई अवश्य ही की जानी चाहिए । इसमें शास्त्रीय विधानानुसार सूर्यास्त के समय गंगा / नदी के तटों पर चौदह दीप प्रज्वलित कर पितरों का सिमरन करना चाहिए। इसके बाद दक्षिण दिशा की ओर मुंह

पितृ पक्ष की समाप्ति पर पितरों की विदाई – पितृदोष | Fathers farewell at the end of the paternal side – pitrdosh Read More »

Scroll to Top