नक्षत्र

Nakshatra is the term for lunar mansion in Hindu astrology and Indian Astronomy. A nakshatra is one of 28 sectors along the ecliptic.

mool nakshatr abhukt mool vichaar

अभुक्त मूल विचार – मूल नक्षत्र और उनके प्रभाव – Unpaid basic idea – mool nakshatr abhukt mool vichaar

ज्येष्ठा नक्षत्र की अन्त की दो घडी तथा मूल नक्षत्र की आदि की दो घडी अभुक्त मूल कहलाती है,लेकिन यह बातें तब मानी जाती थीं,जब जातक के माता पिता पहले से ही धर्म कार्यों के अन्दर खुद को लगा कर रखते थे,मगर आज के जमाने में सभी भौतिक कारणों से और सब कुछ पोंगा पंडित […]

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brihaspati grah nakshatra

वृहस्पति ग्रह नक्षत्र – स्वामी ग्रह नक्षत्र – Jupiter Constellation – brihaspati grah nakshatra

जिन नक्षत्रो के स्वामी वृहस्पति है. उन नक्षत्रों से सम्बंधित व्यक्तियों को निम्न प्रयोग करने चाहियें. (अ) पीपल वृक्ष को वृहस्पतिवार के दिन और अपने जन्म नक्षत्र वाले दिन पीले पुष्प अर्पण करने चाहिए. (आ) पिसी हल्दी जल में मिलाकर वृहस्पतिवार और अपने जन्म नक्षत्र वाले दिन पीपल वृक्ष पर अर्पण करें (इ) पीपल के

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mool shaanti ke upaay

मूल शांति के उपाय – मूल नक्षत्र और उनके प्रभाव – Measure the original peace – mool shaanti ke upaay

ज्येष्ठा मूल या अश्विनी नक्षत्र में जन्म लेने वाले जातक के लिये नीचे लिखे मंत्रों का जाप २८००० जाप करवाने चाहिये,और २८वें दिन जब वही नक्षत्र आये तो मूल शान्ति का प्रयोजन करना चाहिये,जिस मन्त्र का जाप किया जावे उसका दशांश हवन करवाना चाहिये,और २८ ब्राह्मणों को भोजन करवाना चाहिये,बिना मूल शांति करवाये मूल नक्षत्रों

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shukra grah nakshatra

शुक्र ग्रह नक्षत्र – स्वामी ग्रह नक्षत्र – Venus Star – shukra grah nakshatra

जिन नक्षत्रो के स्वामी शुक्र है. उन नक्षत्रों से सम्बंधित व्यक्तियों को निम्न प्रयोग करने चाहियें. (अ) जन्म नक्षत्र वाले दिन पीपल वृक्ष के नीचे बैठ कर स्नान करना. (आ) जन्म नक्षत्र वाले दिन और शुक्रवार को पीपल पर दूध चढाना. (इ) प्रत्येक शुक्रवार प्रातः पीपल की 7 परिक्रमा करना. (ई) पीपल के नीचे जन्म

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shani grah nakshatra

शनि ग्रह नक्षत्र – स्वामी ग्रह नक्षत्र – Saturn Star – shani grah nakshatra

जिन नक्षत्रों के स्वामी शनि है. उस नक्षत्रों से सम्बंधित व्यक्तियों को निम्न प्रयोग करने चाहिए. (अ) शनिवार के दिन पीपल पर थोड़ा सा सरसों का तेल चडाना. (आ) शनिवार के दिन पीपल के नीचे तिल के तेल का दीपक जलाना. (इ) शनिवार के दिन और जन्म नक्षत्र के दिन पीपल को स्पर्श करते हुए

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rahu grah nakshatra

राहू ग्रह नक्षत्र – स्वामी ग्रह नक्षत्र – Keep the planet in the constellation – rahu grah nakshatra

जिन नक्षत्रों के स्वामी राहू है, उन नक्षत्रों से सम्बंधित व्यक्तियों को निम्न प्रयोग करने चाहिए. (अ) जन्म नक्षत्र वाले दिन पीपल वृक्ष की 21 परिक्रमा करना. (आ) शनिवार वाले दिन पीपल पर शहद चडाना. (इ) पीपल पर लाल पुष्प जन्म नक्षत्र वाले दिन चडाना. (ई) जन्म नक्षत्र वाले दिन पीपल के नीचे गौमूत्र मिले

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ketu grah nakshatra

केतु ग्रह नक्षत्र – स्वामी ग्रह नक्षत्र – Ketu planet constellation – ketu grah nakshatra

जिन नक्षत्रों के स्वामी केतु है, उन नक्षत्रों से सम्बंधित व्यक्तियों को निम्न उपाय कर अपने जीवन को सुखमय बनाना चाहिए. (अ) पीपल वृक्ष पर प्रत्येक शनिवार मोतीचूर का एक लड्डू या इमरती चडाना. (आ) पीपल पर प्रति शनिवार गंगाजल मिश्रित जल अर्पित करना. (इ) पीपल पर तिल मिश्रित जल जन्म नक्षत्र वाले दिन अर्पित

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bharani nakshatra

भरणी नक्षत्र – गृह नक्षत्र का प्रभाव – Bharani constellation – bharani nakshatra

जिस जातक का जन्म भरणी नक्षत्र में हो तो उसकी राशि मेष होगी वहीं नक्षत्र का स्वामी शुक्र होगा। इस नक्षत्र में जन्में जातक पर मंगल, शुक्र का प्रभाव जीवन भर पड़ेगा जहाँ ऊर्जा, साहस महत्वाकांक्षा देगा। वहीं शुक्र कला, सौंदर्य धन व सेक्स का कारण बनता है। भरणी में जन्म होने से जन्म के

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ashvin nakshatra

अश्विन नक्षत्र – गृह नक्षत्र का प्रभाव – Ashwin Star – ashvin nakshatra

यदि आपका जन्म अश्विन नक्षत्र में हुआ है तो आपकी राशि मेष व जन्म नक्षत्र स्वामी केतु होगा। राशि स्वामी मंगल व केतु का प्रभाव आपके जीवन पर अधिक दिखाई देगा। मेष लग्न में जन्मे हैं तो मंगल लग्न में होने से व केतु भी मेष का हो तो आप स्वभाव से जिद्दी, गुस्सैल भी

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grah nakshatra ka prabhav

नई ड्रेस और नक्षत्र ! – गृह नक्षत्र का प्रभाव – New Dress and Star! – grah nakshatra ka prabhav

हर नई चीज मन में उमंग भर देती है। नए कपड़ों के प्रति हमारा स्नेह भी कुछ इसी तरह का होता है। कई बार हमें जो ड्रेस सबसे प्यारी होती है, अक्सर वही खराब हो जाती है। समझ में नहीं आता ‍ऐसा क्यों हुआ? हमारा ज्योतिष शास्त्र नक्षत्रों के द्वारा ऐसे मसलों को बड़ी रोचकता

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