यह आपके भवन का वह भाग है जहां से कि मुख्य भवन में प्रवेश किया जाता है। यहां पर रास्ता छोड़कर एक अथवा दोनों ओर लकड़ी से बना हलका फर्नीचर एवं हलका रंग-रोगन होना चाहिए और इस भाग को सदा साफ-सुथरा रखना चाहिए। भवन के इस भाग में फ्लोर कारपेट का प्रयोग न करके कोई पायदान रखा जाए तो बेहतर है। यहां कभी भी दिवंगत पूर्वज, युद्ध के दृश्य, हिंसक पशुओं के पोस्टर आदि न लगाकर स्वागत करने जैसा एहसास दिलाने वाले दृश्य जैसे- स्वस्तिक, लक्ष्मी-गणेश जी या फिर धर्म के शुभ संकेत आदि का प्रयोग किया जाना चाहिए, जो घर में सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करता है।
भवन का प्रवेशद्वार – bhavan ka pravesh dwar – वास्तु के अनुसार सज्जा – vastu ke anusaar sajja